शब्दान्त मात्रा के आधार पर पुंलिंग (ଶବ୍ଦର ଶେଷ ଅକ୍ଷର ଅନୁସାରେ ପୁଂଲିଙ୍ଗ)
ଏହି ଭାଗରେ, ଆମେ ଶବ୍ଦର ଶେଷ ଅକ୍ଷର ବା ପ୍ରତ୍ୟୟକୁ ଦେଖି ପୁଂଲିଙ୍ଗ ଶବ୍ଦଗୁଡ଼ିକୁ ଚିହ୍ନିବା ଶିଖିବା।
हिंदी व्याकरण में लिंग निर्णय के कई आधार होते हैं। इनमें से एक महत्वपूर्ण आधार है शब्द के अंत में आने वाली मात्रा या प्रत्यय (suffix)। कुछ विशेष मात्राओं या प्रत्ययों से समाप्त होने वाले शब्द प्रायः पुंलिंग (masculine) होते हैं। इन्हें दो मुख्य श्रेणियों में बांटा जा सकता है: तत्सम शब्द (Sanskrit-origin words) और हिन्दी/उर्दू शब्द (Hindi/Urdu words).
तत्सम शब्द जो पुंलिंग होते हैं (ତତ୍ସମ ଶବ୍ଦ ଯାହା ପୁଂଲିଙ୍ଗ ଅଟେ)
ଏହି ଅନୁଭାଗରେ, ଆମେ ସେହି ତତ୍ସମ ଶବ୍ଦଗୁଡ଼ିକୁ ଦେଖିବା ଯାହା ଶେଷ ଅକ୍ଷର ଅନୁସାରେ ପୁଂଲିଙ୍ଗ ହୋଇଥାଏ।
जिन तत्सम शब्दों के अंत में निम्नलिखित मात्राएँ या प्रत्यय (suffixes) आते हैं, वे सामान्यतः पुंलिंग होते हैं:
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अ, अन, आस, आर, आय, ख, ज, त, त्य, त्व, त्र, न, व, य
- उदाहरण (ଉଦାହରଣ):
- अ: त्याग (ତ୍ୟାଗ), क्रोध (କ୍ରୋଧ), दोष (ଦୋଷ), वचन (ବଚନ)
- अन: साधन (ସାଧନ)
- आस: विकास (ବିକାଶ), हास (ହାସ)
- आर: विकार (ବିକାର), संसार (ସଂସାର)
- आय: उपाय (ଉପାୟ), अध्याय (ଅଧ୍ୟାୟ)
- ख: मुख (ମୁଖ), शंख (ଶଙ୍ଖ)
- ज: सरोज (ସରୋଜ), पंकज (ପଙ୍କଜ)
- त: गीत (ଗୀତ), स्वागत (ସ୍ୱାଗତ)
- त्य: नृत्य (ନୃତ୍ୟ), साहित्य (ସାହିତ୍ୟ)
- त्व: सतीत्व (ସତୀତ୍ୱ), महत्त्व (ମହତ୍ତ୍ୱ)
- त्र: नेत्र (ନେତ୍ର), पवित्र (ପବିତ୍ର)
- न: प्रश्न (ପ୍ରଶ୍ନ), पालन (ପାଳନ)
- व: गौरव (ଗୌରବ), लाघव (ଲାଘବ)
- य: कार्य (କାର୍ଯ୍ୟ), धैर्य (ଧୈର୍ଯ୍ୟ)
- उदाहरण (ଉଦାହରଣ):
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अपवाद (ବ୍ୟତିକ୍ରମ):
- कुछ तत्सम शब्द इन नियमों का पालन नहीं करते और स्त्रीलिंग होते हैं, जैसे: विजय (ବିଜୟ), विद्युत (ବିଦ୍ୟୁତ୍), आय (ଆୟ)।
हिन्दी / उर्दू शब्द जो पुंलिंग होते हैं (ହିନ୍ଦୀ / ଉର୍ଦ୍ଦୁ ଶବ୍ଦ ଯାହା ପୁଂଲିଙ୍ଗ ଅଟେ)
ଏହି ଅନୁଭାଗରେ, ଆମେ ସେହି ହିନ୍ଦୀ ଏବଂ ଉର୍ଦ୍ଦୁ ଶବ୍ଦଗୁଡ଼ିକୁ ଦେଖିବା ଯାହା ଶେଷ ଅକ୍ଷର ଅନୁସାରେ ପୁଂଲିଙ୍ଗ ହୋଇଥାଏ।
जिन हिन्दी या उर्दू शब्दों के अंत में निम्नलिखित मात्राएँ या प्रत्यय आते हैं, वे सामान्यतः पुंलिंग होते हैं:
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आ, आन, आव, आवा, आर, ना (क्रियार्थक संज्ञाएँ), आब, खाना, न, दान, पन, पा
- उदाहरण (ଉଦାହରଣ):
- आ: झगड़ा (ଝଗଡ଼ା)
- आन: लगान (ଲଗାନ୍), मिलान (ମିଲାନ୍)
- आव: बहाव (ବହାବ), चढ़ाव (ଚଢ଼ାବ), बढ़ावा (ବଢ଼ାବା)
- आवा: भुलावा (ଭୁଲାବା)
- आर: इनकार (ଇନକାର୍)
- ना (क्रियार्थक संज्ञाएँ): पढ़ना (ପଢ଼ିବା), आना (ଆସିବା)
- आब: हिसाब (ହିସାବ), गुलाब (ଗୁଲାବ)
- खाना: डाकखाना (ଡାକଖାନା), जेलखाना (ଜେଲଖାନା)
- न: खत (ଖତ୍)
- दान: फूलदान (ଫୁଲଦାନ୍), पीकदान (ପୀକଦାନ୍)
- पन: बचपन (ବଚପନ), कालापन (କାଳାପନ୍)
- पा: बुढ़ापा (ବୁଢ଼ାପା), पुजापा (ପୁଜାପା)
- उदाहरण (ଉଦାହରଣ):
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अपवाद (ବ୍ୟତିକ୍ରମ):
- कुछ हिन्दी/उर्दू शब्द इन नियमों का पालन नहीं करते और स्त्रीलिंग होते हैं, जैसे: उड़ान (ଉଡ଼ାନ୍), पहचान (ପହଚାନ୍), किताब (କିତାବ), शराब (ଶରାବ), दुकान (ଦୋକାନ), सरकार (ସରକାର)।
अभ्यास और उदाहरण (ଅଭ୍ୟାସ ଏବଂ ଉଦାହରଣ)
ଏଠାରେ କିଛି ଉଦାହରଣ ଦିଆଯାଇଛି ଯାହା ଆପଣଙ୍କୁ ନିୟମଗୁଡ଼ିକୁ ଭଲ ଭାବରେ ବୁଝିବାରେ ସାହାଯ୍ୟ କରିବ।
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शब्द (ଶବ୍ଦ): 'विकास'
- अंत (ଶେଷ): 'आस'
- नियम (ନିୟମ): 'आस' से अंत होने वाले तत्सम शब्द पुंलिंग होते हैं।
- लिंग (ଲିଙ୍ଗ): पुंलिंग
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शब्द (ଶବ୍ଦ): 'बचपन'
- अंत (ଶେଷ): 'पन'
- नियम (ନିୟମ): 'पन' से अंत होने वाले हिन्दी/उर्दू शब्द पुंलिंग होते हैं।
- लिंग (ଲିଙ୍ଗ): पुंलिंग
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शब्द (ଶବ୍ଦ): 'विजय'
- अंत (ଶେଷ): 'य'
- नियम (ନିୟମ): 'य' से अंत होने वाले तत्सम शब्द पुंलिंग होते हैं, लेकिन 'विजय' एक अपवाद है।
- लिंग (ଲିଙ୍ଗ): स्त्रीलिंग (अपवाद)