अव्यय और क्रियाविशेषण अव्यय
ଅବ୍ୟୟ ଏବଂ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଅବ୍ୟୟ ଏହି ଅଧ୍ୟାୟରେ ଆମେ ସେହି ଶବ୍ଦଗୁଡ଼ିକ ବିଷୟରେ ଜାଣିବା ଯାହା ଲିଙ୍ଗ, ବଚନ, କାରକ ଯୋଗୁଁ ବଦଳନ୍ତି ନାହିଁ, ଯାହାକୁ ଅବ୍ୟୟ କୁହାଯାଏ, ଏବଂ ସେମାନଙ୍କର ଏକ ପ୍ରମୁଖ ପ୍ରକାର, କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଅବ୍ୟୟ ଉପରେ ଧ୍ୟାନ ଦେବା।
अव्यय (अविकारी शब्द) ଅବ୍ୟୟ (ଅବିକାରୀ ଶବ୍ଦ) ଯେଉଁ ଶବ୍ଦଗୁଡ଼ିକର ରୂପ ପୁରୁଷ, ବଚନ, ଲିଙ୍ଗ, କାରକ ଆଦି କାରଣରୁ କେବେ ବଦଳେ ନାହିଁ, ସେମାନଙ୍କୁ ଅବ୍ୟୟ ବା ଅବିକାରୀ ଶବ୍ଦ କୁହାଯାଏ। वाक्य में प्रयुक्त होते समय जो शब्द मूल रूप में ही आते हैं और उनका कोई रूप-परिवर्त्तन नहीं होता, उन्हें अव्यय कहते हैं। इसलिए अव्यय को अविकारी शब्द भी कहते हैं। उदाहरण के लिए: 'तेज', 'सामने', 'और', 'आह!', 'धीरे-धीरे' जैसे शब्द। [[1], [3], [6]]
क्रियाविशेषण अव्यय କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଅବ୍ୟୟ ଯେଉଁ ଅବ୍ୟୟ ଶବ୍ଦଗୁଡ଼ିକ କ୍ରିୟାର ବିଶେଷତା ବର୍ଣ୍ଣନା କରନ୍ତି, ସେମାନଙ୍କୁ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଅବ୍ୟୟ କୁହାଯାଏ। जो अव्यय क्रिया की विशेषता बतलाते हैं, उन्हें 'क्रियाविशेषण अव्यय' कहते हैं। ये क्रिया के काल (समय), स्थान (ଜାଗା), रीति (ପ୍ରଣାଳୀ) और परिमाण (ମାତ୍ରା) के बारे में जानकारी देते हैं। [[1], [5]]
क्रियाविशेषण अव्यय के भेद (Types of Adverbs)
କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଅବ୍ୟୟର ପ୍ରକାରଭେଦ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଅବ୍ୟୟ ମୁଖ୍ୟତଃ ଚାରି ପ୍ରକାରର ହୋଇଥାନ୍ତି, ଯାହା କ୍ରିୟା କେବେ, କେଉଁଠି, କିପରି ଏବଂ କେତେ ମାତ୍ରାରେ ଘଟିଲା ତାହା ବର୍ଣ୍ଣନା କରନ୍ତି।
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कालवाचक क्रियाविशेषण (Adverb of Time) କାଳବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଯେଉଁ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କ୍ରିୟା ହେବାର ସମୟ ବିଷୟରେ ସୂଚନା ଦିଏ, ତାହାକୁ କାଳବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କୁହାଯାଏ। जिन शब्दों से क्रिया के होने या करने का समय सूचित हो, वे कालवाचक क्रियाविशेषण कहलाते हैं। [[1], [5]] उदाहरण:
- वह हमेशा खुश रहता है। (ସେ ସବୁବେଳେ ଖୁସି ରୁହେ।)
- मैं कल पुरी जाऊँगा। (ମୁଁ କାଲି ପୁରୀ ଯିବି।)
- अन्य उदाहरण: आज, आजकल, परसों, पहले, सर्वदा, सुबह, तुरंत, निरन्तर, अभी-अभी। [[1], [2], [5]]
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स्थानवाचक क्रियाविशेषण (Adverb of Place) ସ୍ଥାନବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଯେଉଁ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କ୍ରିୟା ହେବାର ସ୍ଥାନ ବା ଦିଗ ବିଷୟରେ ସୂଚନା ଦିଏ, ତାହାକୁ ସ୍ଥାନବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କୁହାଯାଏ। जो क्रियाविशेषण क्रिया के स्थान या दिशा का बोध कराते हैं, वे स्थानवाचक क्रियाविशेषण कहलाते हैं। [[1], [5]] उदाहरण:
- राम भीतर गया है। (ରାମ ଭିତରକୁ ଯାଇଛି।)
- वह मेरे सामने गिर पड़ी। (ସେ ମୋ ଆଗରେ ପଡ଼ିଗଲା।)
- अन्य उदाहरण: निकट, पास, सर्वत्र, बाहर, वहाँ, ऊपर, नीचे, इधर, उधर, दाएँ, बाएँ, आगे, किधर। [[1], [2], [5]]
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रीतिवाचक क्रियाविशेषण (Adverb of Manner) ରୀତିବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଯେଉଁ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କ୍ରିୟା ହେବାର ଢଙ୍ଗ ବା ପ୍ରଣାଳୀ ବିଷୟରେ ସୂଚନା ଦିଏ, ତାହାକୁ ରୀତିବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କୁହାଯାଏ। जो क्रियाविशेषण क्रिया के होने की रीति या विधि का बोध कराते हैं, उन्हें रीतिवाचक क्रियाविशेषण कहते हैं। [[1], [5]] उदाहरण:
- हाथी धीरे-धीरे आ रहा है। (ହାତୀ ଧୀରେ ଧୀରେ ଆସୁଛି।)
- राम झटपट निकल पड़ा। (ରାମ ଶୀଘ୍ର ବାହାରି ପଡ଼ିଲା।)
- अन्य उदाहरण: यों, तीव्र, तेज, सहज, जैसे-तैसे, चुपके-चुपके, मधुर, ध्यानपूर्वक। [[1], [2], [5]]
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परिमाणवाचक क्रियाविशेषण (Adverb of Quantity/Degree) ପରିମାଣବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଯେଉଁ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କ୍ରିୟାର ମାତ୍ରା ବା ପରିମାଣ ବିଷୟରେ ସୂଚନା ଦିଏ, ତାହାକୁ ପରିମାଣବାଚକ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ କୁହାଯାଏ। परिमाणवाचक क्रियाविशेषण क्रिया की मात्रा या उसके परिणाम का बोध कराता है। यह बतलाता है कि क्रिया कितनी मात्रा में हुई। [[1], [5]] उदाहरण:
- राम बहुत खेलता है। (ରାମ ବହୁତ ଖେଳେ।)
- वह इतना दौड़ता है कि थक जाता है। (ସେ ଏତେ ଦୌଡ଼େ ଯେ ଥକିଯାଏ।)
- अन्य उदाहरण: जरा, ज्यादा, उतना, जितना, कितना, थोड़ा, अति, पर्याप्त, केवल, लगभग, बिल्कुल। [[1], [2], [5]]
अन्य प्रकार के क्रियाविशेषण (Other Types of Adverbs)
ଅନ୍ୟ ପ୍ରକାରର କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଏହି କ୍ରିୟାବିଶେଷଣଗୁଡ଼ିକ କ୍ରିୟା ସହିତ ଜଡିତ ସ୍ୱୀକୃତି, ନିଶ୍ଚିତତା, ଅନିଶ୍ଚିତତା, ଧାରଣା ଏବଂ ନିଷେଧ ଭଳି ଭାବନାକୁ ପ୍ରକାଶ କରନ୍ତି।
- स्वीकारवाचक: हाँ (ହଁ) - हाँ, मैंने किया है। [[1], [2]]
- निश्चयवाचक: अवश्य (ନିଶ୍ଚିତ), ज़रूर (ଅବଶ୍ୟ) - वह अवश्य आयेगा। [[1], [2]]
- अनिश्चयवाचक: शायद (ହୁଏତ), यथा सम्भव (ଯଥାସମ୍ଭବ) - शायद तुम कल आओगे। [[1], [2]]
- अवधारणात्मक: भी (ମଧ୍ୟ) - मैंने भी फल खाया। [[1], [2]]
- निषेधवाचक: न (ନା), नहीं (ନାହିଁ), मत (ନାହିଁ) -
- 'न' का प्रयोग सामान्य निषेध या दो से अधिक के निषेध के लिए। (ସାଧାରଣ ମନା କରିବା ପାଇଁ 'ନ' ବ୍ୟବହାର କରାଯାଏ।)
- वह न आए। उसने न खाया, न पिया। [[1], [4]]
- 'नहीं' का प्रयोग निषेध की निश्चितता के लिए। (ନିଶ୍ଚିତ ଭାବେ ମନା କରିବା ପାଇଁ 'ନାହିଁ' ବ୍ୟବହାର କରାଯାଏ।)
- इस वर्ष मैंने आम नहीं खाया। [[1], [4]]
- 'मत' का प्रयोग आदेश के अर्थ में निषेध के लिए। (ଆଦେଶ ଦେଇ ମନା କରିବା ପାଇଁ 'ମତ' ବ୍ୟବହାର କରାଯାଏ।)
- तुम मत खाओ। [[1], [4]]
- 'न' का प्रयोग सामान्य निषेध या दो से अधिक के निषेध के लिए। (ସାଧାରଣ ମନା କରିବା ପାଇଁ 'ନ' ବ୍ୟବହାର କରାଯାଏ।)
उदाहरण (Worked Example)
ଉଦାହରଣ ନିମ୍ନଲିଖିତ ବାକ୍ୟରେ କ୍ରିୟାବିଶେଷଣ ଚିହ୍ନଟ କରି ଏହାର ପ୍ରକାର ଲେଖନ୍ତୁ।
वाक्य: "वह बहुत धीरे-धीरे चलता है।" विश्लेषण:
- यहाँ क्रिया 'चलता है' है।
- 'धीरे-धीरे' शब्द चलने की रीति (manner) बता रहा है।
- 'बहुत' शब्द 'धीरे-धीरे' की मात्रा (quantity) बता रहा है।
- अतः, 'धीरे-धीरे' रीतिवाचक क्रियाविशेषण है, और 'बहुत' परिमाणवाचक क्रियाविशेषण है।